गुरु-शिष्य परंपरा का अद्भुत संगम: ‘अकादमी रत्न’ सम्मान पर अंतरराष्ट्रीय नृत्यांगना आंचल पांडेय ने किया पद्मश्री पं. रामलाल बरेठ का अभिनंदन

 

अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त शिष्या ने गुरु को किया नमन, रायगढ़ घराने की परंपरा को मिला नया गौरव

बिलासपुर। भारतीय शास्त्रीय नृत्य जगत के लिए गौरव के क्षण में पद्मश्री एवं कत्थक सम्राट पंडित रामलाल बरेठ को भारत सरकार द्वारा संगीत नाटक अकादमी की सर्वोच्च फेलोशिप ‘अकादमी रत्न’ से सम्मानित किए जाने की घोषणा के उपलक्ष्य में नृत्यधारा फाउंडेशन, बिलासपुर द्वारा विशेष सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त कत्थक एवं ओडिसी नृत्यांगना तथा नृत्यधारा फाउंडेशन की संस्थापिका आंचल पांडेय ने अपने गुरु पद्मश्री पं. रामलाल बरेठ का शाल एवं श्रीफल भेंट कर आत्मीय अभिनंदन किया।

समारोह के मुख्य अतिथि पूर्व अध्यक्ष (राज्यमंत्री दर्जा), छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग एवं थावे विद्यापीठ गोपालगंज (बिहार) के कुलपति डॉ. विनय कुमार पाठक ने कहा कि पं. रामलाल बरेठ का संपूर्ण जीवन कत्थक साधना को समर्पित रहा है। आज वे स्वयं कत्थक नृत्य की पहचान बन चुके हैं। उन्होंने कहा कि अपनी ही प्रमुख शिष्या द्वारा गुरु का सम्मान किया जाना भारतीय गुरु-शिष्य परंपरा का जीवंत उदाहरण है। गुरु और शिष्या मिलकर रायगढ़ घराने की गौरवशाली परंपरा को वैश्विक स्तर पर नई ऊंचाइयों तक पहुंचा रहे हैं।

विशिष्ट अतिथि एवं पूर्व आई.एस.एस. अधिकारी तथा कला समीक्षक डॉ. रमेश चन्द्र श्रीवास्तव ने कहा कि किसी कलाकार के लिए इससे बड़ा सम्मान और क्या हो सकता है कि उसकी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित शिष्या स्वयं उसके सम्मान का आयोजन करे। यह दृश्य कत्थक कला की निरंतरता, समृद्धि और सांस्कृतिक विरासत की मजबूती का प्रतीक है।

समारोह की अध्यक्षता आंचल पांडेय ने की तथा मंच संचालन पं. रामलाल बरेठ के सुपुत्र एवं प्रख्यात नृत्याचार्य गुरु भूपेंद्र बरेठ ने किया। कार्यक्रम के अंत में डॉ. मकरध्वज श्रीवास्तव ने आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर विष्णु कुमार तिवारी, रूचि देवांगन, श्रुति देवांगन, अनन्या मिश्रा, नित्या, अंजनी मिश्रा, अनन्या साहू, शैलेन्द्र सिंह कछवाहा, रीना झा सहित बड़ी संख्या में पं. बरेठ के शिष्य, कला प्रेमी एवं प्रशंसक उपस्थित रहे।

समारोह गुरु-शिष्य परंपरा, भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों और कत्थक नृत्य की समृद्ध विरासत को समर्पित एक अविस्मरणीय सांस्कृतिक उत्सव बन गया।

 

  • पंकज खण्डेलवाल

    Pankaj Khandelwal is the Founder & Principal Editor of News Hub Insight (NHI). He is an independent journalist with expertise in governance, education, public policy, civic issues and investigative reporting. His reporting is based on accuracy, public interest and responsible journalism. Every article published under his editorial supervision follows News Hub Insight's Editorial Policy, Fact Check Policy and Correction Policy.

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