बिलासपुर:-मैथिलीशरण गुप्त की साहित्यिक विरासत को समर्पित एक भव्य आयोजन में “गौरव ग्रंथ राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त” का विमोचन 17 मई को बिलासपुर में किया जाएगा। यह आयोजन प्रयास प्रकाशन साहित्य अकादमी की राष्ट्रीय समिति एवं गहोई वैश्य समाज बिलासपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित होगा।
यह गरिमामयी समारोह शासकीय जेपी वर्मा महाविद्यालय, जरहाभाठा, बिलासपुर में शाम 6 बजे से प्रारंभ होगा, जिसमें साहित्य, शिक्षा और समाज सेवा से जुड़ी कई प्रतिष्ठित हस्तियां शामिल होंगी।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में डॉ चन्द्र भूषण वाजपेई उपस्थित रहेंगे, जबकि समारोह की अध्यक्षता डॉ विनय कुमार पाठक करेंगे।
विशिष्ट अतिथियों में मनोहर लाल बरसैंया, डॉ श्याम लाल निराला, लक्ष्मी नारायण बिलैया तथा डॉ आर.के. गंधी शामिल रहेंगे।
आयोजन में प्रयास प्रकाशन साहित्य अकादमी से जुड़े साहित्यकार, लेखक, विद्वान, समाजसेवी और शहर के अनेक गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में मौजूद रहेंगे। आयोजकों का मानना है कि यह समारोह न केवल राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त की साहित्य साधना को नई पीढ़ी तक पहुंचाएगा, बल्कि हिंदी साहित्य के प्रति नई जागरूकता भी पैदा करेगा।
इस संबंध में जानकारी देते हुए प्रयास प्रकाशन साहित्य अकादमी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ रमेश चंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि “गौरव ग्रंथ” राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त के साहित्यिक योगदान, राष्ट्र चेतना और हिंदी भाषा के उत्थान में उनकी भूमिका को समर्पित विशेष प्रकाशन है।
प्रेस वार्ता के दौरान अकादमी के कोषाध्यक्ष विष्णु कुमार तिवारी एवं राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ अर्चना पांडेय भी उपस्थित रहीं।















