बिलासपुर में खनिज चोरों पर बड़ी कार्रवाई, 4 हाइवा वाहन जब्त

बिलासपुर। जिले में अवैध खनिज उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण के खिलाफ खनिज विभाग की ताबड़तोड़ कार्रवाई जारी है। 26 एवं 27 फरवरी को खनिज अमले ने अलग-अलग क्षेत्रों में सघन जांच अभियान चलाकर खनिज माफियाओं पर शिकंजा कसा।

जांच के दौरान निरतु, लोफन्दी, कच्छार, लछनपुर, लमेर, घुटकू, कोनी, बिरकोना, मोपका एवं चकरभाठा क्षेत्रों में दबिश दी गई।

मोपका क्षेत्र से खनिज रेत का अवैध परिवहन करते 01 हाइवा वाहन को जब्त किया गया।
चकरभाठा क्षेत्र से खनिज मिट्टी का परिवहन करते 01 हाइवा एवं खनिज मुरुम का परिवहन करते 01 हाइवा वाहन को जब्त किया गया।
लोफन्दी क्षेत्र से खनिज रेत का परिवहन करते 01 हाइवा वाहन को जब्त किया गया।

इस प्रकार कुल 4 हाइवा वाहनों को जब्त कर पुलिस थाना सकरी, कोनी एवं चकरभाठा की अभिरक्षा में रखा गया है।

खनिज विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण पर लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। विभाग की इस कार्रवाई से खनिज माफियाओं में हड़कंप मचा हुआ है।

 कलेक्टर का संदेश साफ है — अवैध कारोबार करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

  • Related Posts

    बिलासपुर: सरकंडा थाना प्रभारी प्रदीप आर्य के क्षेत्र में संचालित था अवैध हुक्का बार

    बिलासपुर: सरकंडा क्षेत्र में घर के भीतर संचालित हुक्का बार पर हुई कार्रवाई ने एक बार फिर नशे के फैलते नेटवर्क की परतें खोल दी हैं। पुलिस ने उपकरण जब्त कर कोटपा एक्ट के तहत वैधानिक कार्रवाई की — यह सराहनीय है। परंतु इस घटना का दूसरा पक्ष भी उतना ही महत्वपूर्ण है।  बड़ा सवाल: जब अंतर्राज्यीय गिरोह पकड़े जाते हैं, तो मोहल्ले में हुक्का बार कैसे? बिलासपुर पुलिस ने पूर्व में अंतर्राज्यीय नशा गिरोहों को पकड़कर अपनी क्षमता साबित की है। ऐसे में स्वाभाविक प्रश्न…

    Continue reading
    बिलासपुर: पैरोल पर छूटे 38 में से 37 कैदी फरार, कोर्ट ने शुरू की सख्त मॉनिटरिंग

    बिलासपुर। प्रदेश की जेल व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। हाईकोर्ट में पेश शपथपत्र में डायरेक्टर जनरल (जेल) ने स्वीकार किया है कि पैरोल पर छोड़े गए 38 कैदियों में से 37 अब तक फरार हैं, जबकि सिर्फ एक को ही गिरफ्तार किया जा सका है। इस चौंकाने वाले खुलासे के बाद हाईकोर्ट ने मामले को नियमित मॉनिटरिंग के लिए तय कर दिया है। कैसे खुली परतें? प्रदेश के विभिन्न जेलों से पैरोल पर छोड़े गए बंदियों की वापसी न होने पर हाईकोर्ट ने…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *