बिलासपुर: शरद पूर्णिमा पर विचार एवं काव्य गोष्ठी का आयोजन

प्रयास प्रकाशन साहित्य अकादमी ने कवियों को किया सम्मानित

बिलासपुर। शरद की उज्ज्वल चांदनी और साहित्यिक वातावरण के बीच प्रयास प्रकाशन साहित्य अकादमी द्वारा शरद पूर्णिमा के अवसर पर विचार एवं काव्य गोष्ठी का भव्य आयोजन किया गया।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डाॅ. विनय कुमार पाठक (पूर्व अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग एवं कुलपति, थावे विद्यापीठ, गोपालगंज, बिहार) रहे। अध्यक्षता दुबे (राष्ट्रीय अध्यक्ष) ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में डाॅ. गजेन्द्र तिवारी, वरिष्ठ कवि सनत तिवारी एवं रमेश चन्द्र श्रीवास्तव उपस्थित रहे।

कवियों को मिला सम्मान

इस अवसर पर पद्मश्री पंडित मुकुटधर पाण्डेय की जयंती पर रायगढ़ में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय कवि सम्मेलन में भाग लेने वाले कवि—  रमेश चन्द्र श्रीवास्तव, शीतल प्रसाद पाटनवार एवं राम निहोरा राजपूत को मुख्य अतिथि डाॅ. पाठक द्वारा प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।

शरद पूर्णिमा का महत्व

मुख्य अतिथि डाॅ. विनय कुमार पाठक ने कहा — “शरद पूर्णिमा सुख एवं पूर्णता का प्रतीक है। यह जीवन में उत्साह, उमंग और जीवंतता का संदेश लेकर आती है।”
अध्यक्षीय उद्बोधन में डाॅ. राघवेन्द्र कुमार दुबे ने प्रयास प्रकाशन साहित्य अकादमी के कार्यों की सराहना की और सभी को शुभकामनाएँ दीं।

कवियों की मनमोहक प्रस्तुतियाँ

काव्य गोष्ठी में कवियों ने शरद पूर्णिमा पर केंद्रित गीत और कविताओं की प्रस्तुतियाँ दीं। राम निहोरा राजपूत ने भजन प्रस्तुत कर श्रोताओं को भावविभोर किया। इसके अलावा शीतल प्रसाद पाटनवार, रमेश चन्द्र श्रीवास्तव, डाॅ. अंकुर शुक्ला, डाॅ. बजरंगबली शर्मा, डाॅ. विवेक तिवारी और सनत तिवारी ने काव्यपाठ किया।

कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन राम निहोरा राजपूत ने किया।

 

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