रायपुर, 24 जनवरी 2026। छत्तीसगढ़ी भाषा और साहित्य के संरक्षण एवं संवर्धन के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ी राजभाषा परिषद् की साहित्यिक एवं सांस्कृतिक समिति द्वारा आयोजित साहित्य महोत्सव रायपुर 2026 के अंतर्गत कवि सम्मेलन, पुस्तक विमोचन एवं सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश सहित देश के विभिन्न हिस्सों से आए साहित्यकारों और कवियों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. विनय कुमार पाठक, पूर्व अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग एवं कुलपति, थावे विद्यापीठ गोपालगंज (बिहार) ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में रमेश चन्द्र श्रीवास्तव, डॉ. राघवेन्द्र कुमार दुबे एवं अंजनी कुमार तिवारी सुधाकर उपस्थित रहे।
परिषद् के प्रयासों की जानकारी
परिषद् अध्यक्ष डॉ. विवेक तिवारी ने स्वागत उद्बोधन में छत्तीसगढ़ी भाषा को शैक्षणिक, साहित्यिक और सामाजिक स्तर पर सशक्त बनाने के लिए परिषद् द्वारा किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी।
साहित्य का महाकुंभ : डॉ. विनय कुमार पाठक
अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में डॉ. विनय कुमार पाठक ने कहा कि साहित्य महोत्सव साहित्य की विभिन्न विधाओं में संवाद और विमर्श का प्रभावी मंच है। उन्होंने इसे साहित्य का महाकुंभ बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी को साहित्य सृजन की दिशा मिलती है। उन्होंने इस प्रकार के आयोजनों को नियमित रूप से आयोजित किए जाने की आवश्यकता भी व्यक्त की।
विशिष्ट अतिथियों रमेश चन्द्र श्रीवास्तव, डॉ. राघवेन्द्र कुमार दुबे एवं अंजनी कुमार तिवारी सुधाकर ने आयोजन की सराहना करते हुए परिषद् को शुभकामनाएं दीं।
तीन साहित्यिक कृतियों का विमोचन
कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ साहित्यकार अंजनी कुमार तिवारी सुधाकर की कृति “राष्ट्र धर्म ध्वज वाहक”, संजय सिंह राजपूत की कृति “प्राकृतिक सजा” तथा अनामिका शर्मा शशि के उपन्यास “रैना बीती जाए” का विधिवत विमोचन किया गया। इसके पश्चात लेखकों को साहित्यिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
कवि सम्मेलन में हुआ काव्य पाठ
कवि सम्मेलन का शुभारंभ राम निहोरा राजपूत द्वारा छत्तीसगढ़ महतारी की वंदना से हुआ। इसके बाद
राजेश सोनार, शत्रुघन जेसवानी, अंजनी कुमार तिवारी सुधाकर, दिनेश्वर राव जाधव, डॉ. गजेन्द्र तिवारी, डॉ. राघवेन्द्र कुमार दुबे, डॉ. अंकुर शुक्ला, डॉ. विवेक तिवारी, शीतल प्रसाद पाटनवार, डॉ. दीनदयाल यादव, रामेश्वर शांडिल्य, यागिनी तिवारी, नीलिमा यादव, गीता नायक, सुषमा पाठक, नेहा सिंह राजपूत, रश्मि गुप्ता, पूर्णिमा तिवारी, विपुल तिवारी, अनामिका शर्मा शशि, बद्री कैवर्त्य एवं सहोरिक यादव
ने अपनी रचनाओं का पाठ किया।
संचालन व आभार
कार्यक्रम का संचालन डॉ. राघवेन्द्र कुमार दुबे ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन डॉ. विवेक तिवारी द्वारा किया गया।















