बिलासपुर। राष्ट्रमाता, प्रथम महिला शिक्षिका एवं समाज सुधारक सावित्रीबाई फुले की जयंती ओबीसी महासभा छत्तीसगढ़ इकाई द्वारा प्रदेश महासचिव जनक राम साहू के नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में हर्षोल्लास और गरिमामय वातावरण में मनाई गई। कार्यक्रम में सावित्रीबाई फुले के संघर्षपूर्ण जीवन, सामाजिक चेतना और शिक्षा के क्षेत्र में उनके ऐतिहासिक योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला गया।
कार्यक्रम के दौरान ओबीसी महासभा के पदाधिकारियों ने सावित्रीबाई फुले के जीवन से प्रेरणा लेते हुए अन्य पिछड़ा वर्ग के सामाजिक, शैक्षणिक एवं सर्वांगीण विकास हेतु निरंतर सेवा और संघर्ष का संकल्प लिया।
इस अवसर पर जारी प्रेस विज्ञप्ति में सुनील यादव ने बताया कि समाज सेविका सावित्रीबाई फुले द्वारा शिक्षा के प्रचार-प्रसार के लिए किए गए कार्य आज भी समाज को दिशा देने वाले हैं। वे देश की प्रथम महिला शिक्षिका थीं, जिन्होंने विशेष रूप से स्त्री शिक्षा को नई पहचान दिलाई। उनका जीवन आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत है और आने वाली पीढ़ियां उनके योगदान की सदैव ऋणी रहेंगी।
जयंती कार्यक्रम में प्रमुख रूप से
प्रदेश महासचिव जनक राम साहू,
जिला संरक्षक रामू साहू,
जिला अध्यक्ष डॉ. सुनील कुमार यादव,
जिला संयोजक अजीत नाविक,
जिला उपाध्यक्ष हिंसा राम निर्मलकर,
जिला अध्यक्ष विधि प्रकोष्ठ लवकुश साहू,
महासचिव चिकित्सा प्रकोष्ठ डॉ. रघु साहू,
पार्षद ईश्वर साहू,
प्राचार्य गौतम साहू,
प्रधान पाठक नरेंद्र प्रसाद,
व्याख्याता रोहित साहू,
पुलिस उप निरीक्षक परमेश्वर,
सहित राजेश, यशवंत राव, राजाराम एवं बड़ी संख्या में ओबीसी महासभा के पदाधिकारी एवं समाज के सदस्य उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का समापन सावित्रीबाई फुले के आदर्शों को आत्मसात कर समाज में शिक्षा, समानता और न्याय के लिए कार्य करने के संकल्प के साथ हुआ।















