बिलासपुर: महाराणा प्रताप महाविद्यालय उस्लापुर में छत्तीसगढ़ राजभाषा दिवस के मौके पर पारंपरिक स्वाद और संस्कृति की अनोखी महक बिखेरते हुए छत्तीसगढ़ी व्यंजन मेला धूमधाम से आयोजित किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ शिवाजी राव शिक्षण समिति के अध्यक्ष डॉ. बी.एल. गोयल और प्राचार्य डॉ. अनिता सिंह ने दीप प्रज्ज्वलन कर किया।
उद्घाटन के बाद विद्यार्थियों को छत्तीसगढ़ी भाषा के महत्व, उसकी समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर और स्थानीय बोलियों की प्रतिष्ठा के बारे में अवगत कराया गया।
मेले में छात्रों ने फरा, चौसेला, चीला, धुस्का, भजिया जैसे पारंपरिक व्यंजनों के शानदार स्टॉल सजाए, जिनकी सुगंध से पूरा परिसर महक उठा।
अतिथियों, शिक्षकों और विद्यार्थियों ने इन स्वादिष्ट छत्तीसगढ़ी पकवानों का जमकर लुत्फ उठाया।
कार्यक्रम की खास बात यह रही कि युवाओं ने न सिर्फ व्यंजन परोसे बल्कि अपनी मातृभाषा और संस्कृति के प्रति अपना गर्व और जुड़ाव भी दिखाया।
महाविद्यालय परिसर आज छत्तीसगढ़ी संस्कृति और स्वाद का एक जीवंत उत्सव बन गया।















