रायगढ़ की अमूल्य सांस्कृतिक धरोहर कथक घराने की परंपरा एक बार फिर सुनहरे रंग बिखेरने जा रही है। मधुगुंजन संगीत समिति रायगढ़ तथा श्री वैष्णव संगीत महाविद्यालय राजापारा के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित 4 दिवसीय नृत्य–संगीत–कला प्रतियोगिता एवं उत्सव “मधु गुंजन सतरंग 2025” का आयोजन 21 से 24 दिसंबर 2025 तक भव्य रूप से होने जा रहा है।
इस पंचम संस्करण के सफल आयोजन हेतु समिति का गठन करते ही तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है। पिछले चार वर्षों से लगातार नई ऊंचाइयां छू रहा मधु गुंजन इस बार और भी अधिक प्रभावशाली, भव्य और बहुरंगी रूप लेकर आ रहा है।
750 प्रतिभागियों के साथ कलाओं का महाकुंभ
कार्यक्रम प्रभारी अजीत स्वाइन ने बताया—
- एकल प्रतिभागी: 256
- युगल: 36
- त्रय: 13
- समूह: 24
- उत्सव कलाकार: 26
- कुल भागीदारी: 750 कलाकार
रायगढ़ में कला के इस विराट मंच को “उदयीमान कलाकारों के लिए मील का पत्थर” माना जा रहा है।
समिति का मजबूत नेतृत्व
कार्यक्रम की सफलता के लिए जिन सदस्यों ने जिम्मेदारी संभाली है, वे हैं—
अशोक सराफ, शरद वैष्णव, समता चौरे, शिखा सराफ, रोमी अग्रवाल, नीलम अग्रवाल, पूजा सहगल, रोशनी वैष्णव, संजना सहगल, दीपिका गुप्ता, अखिलेश चौरे, आद्या अग्रवाल, वर्णिका अग्रवाल, चित्रांशी पाणिकर, निहारिका यादव, दिनेश गुप्ता, शैल्वी सहगल, अजीत स्वाइन, आंशिक सराफ, अक्षिता चौरे।
इसके साथ ही विजुअल बैठक में परोक्ष रूप से जुड़े—
मनोज श्रीवास्तव, रीना अग्रवाल, आयुषी साव, निकिता चौहान, अंजनी चौहान, दक्ष यादव, डाली गोस्वामी, आशीष पांडे, मौलश्री सिंह, अरोमा दुबे —जिनकी सक्रिय उपस्थिति कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाएगी।
रायगढ़वासियों से आह्वान
समिति ने सभी प्रतिभागियों के उज्ज्वल प्रदर्शन की कामना करते हुए रायगढ़ के सभी कला प्रेमियों से उत्सव में अधिकतम उपस्थिति देने का आग्रह किया है।
रायगढ़ की कला परंपरा में पांचवां वर्ष—मधु गुंजन सतरंग 2025—इस बार बनेगा नया इतिहास!















