बिलासपुर: घुरू स्थित उर्मिला हाई स्कूल में वार्षिक उत्सव का भव्य आयोजन अत्यंत हर्षोल्लास और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस अवसर पर विश्व हिंदी परिषद की विशेष सहभागिता रही, जिसके अंतर्गत विद्यालय की प्रतिभाओं, प्रबंधन और शिक्षकों को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विश्व हिंदी परिषद के संयोजक, राजभाषा आयोग के पूर्व अध्यक्ष एवं थावे विद्यापीठ के कुलपति डॉ. विनय पाठक रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में विश्व हिंदी परिषद छत्तीसगढ़ की प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संगीता बेनाफर, घुरू वार्ड की पार्षद कुसुम महाबली कोसले तथा पन्ना कोसले की गरिमामयी उपस्थिति रही।
विद्यालय की संचालिका सुनीता सक्सेना ने अतिथियों का स्वागत करते हुए विद्यालय की शैक्षणिक प्रगति में अभिभावकों एवं क्षेत्रवासियों के सतत सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।
वार्षिकोत्सव के दौरान विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने उपस्थितजनों का मन मोह लिया। बच्चों की ऊर्जा, उत्साह और कलात्मक प्रस्तुतियाँ दर्शकों के लिए आकर्षण का केंद्र रहीं। शिक्षकों के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने भारतीय संस्कृति के विविध रंगों को मंच पर जीवंत कर दिया।
विश्व हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में विश्व हिंदी परिषद द्वारा “वंदे मातरम् की पृष्ठभूमि एवं भारतीय संस्कृति में उसका महत्व” विषय पर निबंध प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को परिषद की ओर से पुरस्कृत किया गया।
शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य और ग्रामीण उत्थान में उल्लेखनीय योगदान के लिए विद्यालय की संचालिका एवं प्राचार्या सुनीता सक्सेना को ‘ग्रामीण विकास शिरोमणि’ सम्मान से सम्मानित किया गया। यह सम्मान मुख्य अतिथि डॉ. विनय पाठक द्वारा प्रदान किया गया।
कार्यक्रम का सफल संचालन सुनीता राय ने किया। वहीं कार्यक्रम प्रबंधन की जिम्मेदारी प्रियंका श्रीवास्तव, अनीता नामदेव एवं अन्य विद्यालय स्टाफ ने कुशलतापूर्वक निभाई। उनके सराहनीय योगदान के लिए उन्हें भी सम्मानित किया गया।
समारोह के अंत में विद्यालय परिवार द्वारा सभी अतिथियों एवं अभिभावकों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।















