बिलासपुर: क्या सरकारी अधिकारी और कर्मचारी कलेक्टर अवनीश शरण को हल्के में ले रहे हैं?

बिलासपुर। अब सरकारी कर्मचारियों की लेटलतीफी पर पूरी तरह से रोक लगेगी। जिले के सभी शासकीय कार्यालयों में अनिवार्य रूप से बायोमेट्रिक अटेंडेंस की व्यवस्था लागू की जा रही है, जिसके आधार पर ही अगले महीने से वेतन निकाला जाएगा। कलेक्टर अवनीश शरण ने अधिकारियों-कर्मचारियों के विलंब से आने के कारण आम जनता को हो रही परेशानियों को गंभीरता से लेते हुए यह सख्त कदम उठाया है।

15 दिन में लगेंगी बायोमेट्रिक मशीनें
कलेक्टर ने जिले के सभी विभाग प्रमुखों, अतिरिक्त कलेक्टरों, जिला कार्यालय के अधिकारियों और प्रभारी अधिकारियों को निर्देशित किया है कि 15 दिनों के भीतर सभी कार्यालयों में बायोमेट्रिक मशीन लगाई जाए। अप्रैल महीने का वेतन केवल बायोमेट्रिक उपस्थिति के आधार पर ही जारी किया जाएगा।

कार्यालयों की लेटलतीफी पर सख्त नाराजगी
कलेक्टर द्वारा जारी पत्र में यह स्पष्ट किया गया है कि सरकारी कर्मचारियों की अनियमित उपस्थिति और देरी से आने की प्रवृत्ति के कारण जनता को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने अधिकारियों को आगाह करते हुए कहा कि शासकीय कार्यों में देरी और जनता की कठिनाइयाँ अस्वीकार्य हैं।

अचानक निरीक्षण करेंगे कलेक्टर
कलेक्टर अवनीश शरण ने कहा कि वे स्वयं अचानक सरकारी कार्यालयों का निरीक्षण करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि सभी कर्मचारी बायोमेट्रिक उपस्थिति का पालन कर रहे हैं। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

इस कदम से सरकारी कार्यालयों में अनुशासन बढ़ेगा और जनता को त्वरित सेवाएँ मिलेंगी।

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