बिलासपुर, 7 अप्रैल 2026। शहर की सुरक्षा व्यवस्था को आधुनिक और मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए त्रिनेत्र सेवा समिति की अहम बैठक इंटीग्रेटेड कंट्रोल कमांड सेंटर, तारबाहर में आयोजित की गई। बैठक की संयुक्त अध्यक्षता कलेक्टर Sanjay Agrawal और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक Rajnesh Singh ने की।
बैठक में निर्णय लिया गया कि जनसहभागिता के माध्यम से शहर के अधिकतम स्थानों पर CCTV कैमरे लगाए जाएंगे, जिससे अपराधों पर त्वरित नियंत्रण और अपराधियों की जल्द पहचान सुनिश्चित हो सके।
महिला सुरक्षा, ट्रैफिक और नशे में ड्राइविंग पर सख्ती
प्रशासन ने साफ किया कि महिला सुरक्षा, सुगम यातायात व्यवस्था और नशे में वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई प्राथमिकता में रहेगी।
समिति का बड़ा विस्तार
त्रिनेत्र सेवा समिति के विस्तार के तहत सांसद-विधायकों के साथ बिलासपुर संभाग के आयुक्त और आईजी को पदेन मुख्य संरक्षक बनाया जाएगा। वहीं कलेक्टर, एसएसपी, नगर निगम आयुक्त, जिला पंचायत CEO, रेलवे, SECL, NTPC, Apollo Hospital और Indian Red Cross Society के वरिष्ठ अधिकारी संरक्षक होंगे।
तकनीकी टीम होगी और मजबूत
साइबर सेल, स्मार्ट सिटी के विशेषज्ञों और तकनीकी प्रतिनिधियों को शामिल कर निगरानी व्यवस्था को और स्मार्ट बनाया जाएगा।
नई कार्यकारिणी का गठन
- अध्यक्ष: रामावतार अग्रवाल
- कार्यकारी अध्यक्ष: नवदीप अरोरा
- सचिव: सतीश शाह
- कोषाध्यक्ष: मनीष सखूजा
- सह-कोषाध्यक्ष: ललित अग्रवाल
करीब 60 सामाजिक और व्यावसायिक संगठनों को समिति से जोड़ा गया है।
जन-जन की भागीदारी पर जोर
बैठक में यह सुझाव भी आया कि बड़े उद्योगों के साथ छोटे व्यापारियों और आम नागरिकों को भी इस अभियान से जोड़ा जाए, ताकि सुरक्षा व्यवस्था का लाभ शहर के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
कंट्रोल सेंटर से होगी निगरानी
समिति का कार्यालय इंटीग्रेटेड कंट्रोल कमांड सेंटर में ही संचालित होगा और शहर में लगे CCTV कैमरों की मॉनिटरिंग यहीं से की जाएगी।
साफ संदेश:
अब बिलासपुर में अपराधियों की खैर नहीं… शहर तेजी से “स्मार्ट और सेफ सिटी” की ओर बढ़ रहा है!















